Sunday, 23 December 2018

शनिवार व्रत कथा Saturday Fast Story Vrat Katha Saturday by muktajyotishs

गणेश रुद्राक्ष का महत्व और उसके लाभ, प्रयोग विधि

गणेश रुद्राक्ष का महत्व और उसके लाभ,  प्रयोग विधि

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रुद्राक्ष को भगवान शिव का स्‍वरूप कहा जाता है। भगवान शंकर के भक्‍त रुद्राक्ष को माला के रूप में धारण करते हैं। मान्‍यता है कि भगवान शिव की आंखों से गिरे आंसुओं से ही रुद्राक्ष की उत्‍पत्ति हुई है। मनुष्य अपने जीवन में आई समस्याओं के निपटारे के लिए भगवन का सहारा लेते है| यही नहीं लोग चमत्कारी रत्नो का सहारा भी लेते है| एक और चीज है जिसके बारे में शायद आप जानते होंगे वो है रुद्राक्ष जो भगवन शिव के सबसे करीब माना जाता है|रुद्राक्ष अलग-अलग प्रकार के पाए जाते है| सबसे श्रेष्ठ गणेश रुद्राक्ष को माना जाता है|
 भगवान शिव और माता पार्वती के पुत्र गणेश को देवों में सबसे श्रेष्ठ देव का स्थान मिला हुआ है| ऐसा माना जाता है की रुद्राक्ष को धारण करने से सभी परेशानी से निजात मिल जाती है| इसको धारण करने से मनुष्य का स्वास्थ्य भी ठीक रहता है| ऐसा कहा जाता है की गणेश रुद्राक्ष को धारण करने से किसी भी काम में निर्णय लेने की क्षमता में वृद्धि होती है| भगवान गणेश को बुद्धि का देवता माना जाता है, यही कारन है की छात्रों के लिए गणेश रुद्राक्ष काफी लाभकारी साबित को सकता है|

गणेश रुद्राक्ष के लाभ

    जाने गणेश रुद्राक्ष का महत्व और उसके लाभ, इसे प्रयोग करने की पूरी विधि के बारे|
  • गणेश रुद्राक्ष को धारण करने से सभी तरह के क्‍लेशों से मुक्‍ति मिलती है। विशेष फलदायी यह रुद्राक्ष कई समस्याओं का समाधान स्वत: ही कर देता है।
  • गणेश रूद्राक्ष पहने हुए एक व्यक्ति को जीवन के सभी क्षेत्रों में से सफलता प्राप्त होती है।
  • भगवान गणेश भगवान शिव के पुत्र हैं इसलिए भगवान शिव का और देवी पार्वती (महा देवी) जी का भी आशिर्वाद प्राप्त होता है।
  • गणेश रुद्राक्ष को धारण करने से केतु के अशुभ प्रभावों से भी मुक्‍ति मिलती है।
  • गणेश रुद्राक्ष की प्रयोग विधि

    इसे गणेश चतुर्थी के दिन धारण किया जाए तो यह और भी शुभ फलदायक होता है। गणेश रुद्राक्ष को सोमवार के दिन धारण करना चाहिए।गणेश रुद्राक्ष को मोक्ष की प्राप्ति के लिए काफी अच्छा माना जाता है| गणेश रुद्राक्ष पर भगवन गणेश की आकृति बनी हो और उनकी सूंड की आकृति बनी हुई हो, इस प्रकार के रुद्राक्ष को गणेश रुद्राक्ष माना जाता है|गणेश रुद्राक्ष को लाल धागे, सोने या फिर चाँदी की चेन के साथ भी धारण कर सकते है|
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Wednesday, 12 December 2018

जीवन मे सफल होने से कोई नहीं रोकेगा- अगर करेंगे ये उपाय


जीवन मे सफल होने से कोई नहीं रोकेगा- अगर करेंगे ये उपायtips-success-in hindi



भाग्य साथ नहीं देगा तो कितनी भी मेहनत कर लें सफलता नहीं मिलती। इच्छाशक्ति, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व, ये तीन बातें सफलता तय करती है।

इच्छाशक्ति मजबूत करने के लिए क्या करें----

 सबसे पहले तो आपको धैर्य से काम लेना होगा। असफलता हाथ लगे तो निराश न हों। 
कोई आध्यात्मिक गुरु बनाएं और उनसे मार्गदर्शन लें। 
सकारात्मक ऊर्जा वाले लोगों के पास बैठें, नकारात्मकता से दूर रहें। ऐसे लोगों से दूर रहें जो सिर्फ दूसरों की बुराई करते हों, दूसरों के दोष देखते हों। 
ध्यान करें और बीज मंत्र हूं का जाप करते रहें। 
शनिवार के दिन तांबे या सोने की अंगूठी में मध्यमा अंगुली में एमेथिस्ट धारण करें। लेकिन किसी ज्योतिष को कुंडली दिखा लें। 
शनि यदि मारकेश हो तो एमेथिस्ट धारण न करें। 
सोमवार के दिन चांदी ब्रेसलेट या माला के रूप में स्फटिक पहन सकते हैं। इच्छाशक्ति इससे बहुत तेजी से बढ़ती है। 
यदि असली एक मुखी रूद्राक्ष लिए जाए तो सोने या चांदी के पेंडेंट में पहनें।

आत्मविश्वास कैसे बढ़ाएं-----आध्यात्मिक गुरु से मार्गदर्शन लें।
 मानसिक रूप से ऊं नमः शिवाय मंत्र का जाप करते रहें। 
एकाग्रता बढ़ाने के लिए लाल बिंदु पर ध्यान लगाकर मेडिटेशन करें। आठ  मुखी या 11 मुखी रूद्राक्ष धारण करें।